💥गांव लौटते ही पुलिस ने दबोचा, घटना में प्रयुक्त लोहे का टांगा बरामद, भेजा गया रिमांड पर।
तहतक न्यूज/रायगढ़, छत्तीसगढ़। एक वो भी दिन थे जब बंटवारे को लेकर घर के बड़े-बुजुर्ग जो भी निर्णय कर देते थे, परिवार के सदस्य सहर्ष मान लेते थे। रिश्तों में कोई कड़वाहट नहीं आती थी, लेकिन आज के दौर में रिश्ते-नातों की कोई अहमियत नहीं रही। माहौल इतना खराब हो गया है कि बाप-बेटे में या भाई-भाई में खून-खराबा हो जा रहा है। ऐसी ही एक घटना में घर के बंटवारे को लेकर छोटे भाई ने बड़े भाई को टांगे से हमला कर लहू-लुहान कर दिया और फरार हो गया।
जानकारी के अनुसार हत्या के प्रयास के मामले में करीब दो माह से फरार चल रहे आरोपी रूपधर राठिया (47 वर्ष), निवासी ग्राम चिमटापानी, थाना घरघोड़ा को पुलिस ने 04 सितंबर 2026 को उसके गांव से गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। आरोपी के कब्जे से घटना में प्रयुक्त लोहे का टांगा भी बरामद किया गया है।
घर के बंटवारे को लेकर बड़े भाई से था विवाद
मामले में प्रार्थी महेत राम राठिया (50 वर्ष), निवासी ग्राम चिमटापानी ने 04 जुलाई 2026 को थाना घरघोड़ा में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। प्रार्थी ने पुलिस को बताया कि वह तीन भाइयों में सबसे बड़ा है। उसके छोटे भाई रूपधर राठिया तथा मंझले भाई पुनीराम राठिया के साथ घर को लेकर विवाद चल रहा था। रूपधर आए दिन उक्त मकान को अपना बताते हुए परिवार के सदस्यों को घर से बाहर निकलने की धमकी देता था।
प्रार्थी के अनुसार 22 जून 2026 की शाम वह घर की परछी में अपने पिता गाडाराय राठिया तथा छोटे भाई रूपधर राठिया से बातचीत कर रहा था। इसी दौरान घर से निकलने की बात को लेकर विवाद हो गया। विवाद बढ़ने पर रूपधर राठिया ने गाली-गलौज करते हुए हाथ में रखे लोहे के टांगा से अपने बड़े भाई महेत राम राठिया पर हमला कर दिया। हमले में महेत राम के सिर, सिर के पीछे तथा बायीं आंख के पास गंभीर चोटें आईं। घटना देखकर ग्रामीणों ने बीच-बचाव किया और डायल-112 की सहायता से घायल को घरघोड़ा अस्पताल पहुंचाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद उसे मेडिकल कॉलेज रायगढ़ रेफर किया गया, जहां उसका उपचार हुआ।
प्रार्थी की रिपोर्ट पर थाना घरघोड़ा पुलिस की विवेचना के दौरान प्रार्थी एवं गवाहों के कथन तथा आहत की मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर प्रकरण में हत्या के प्रयास से संबंधित धारा 109(2) बीएनएस जोड़ी गई। घटना के बाद से आरोपी रूपधर राठिया लगातार फरार चल रहा था और पुलिस उसकी लगातार पतासाजी कर रही थी।
दो माह बाद गांव लौटा तो पुलिस ने दबोचा
एसडीओपी धरमजयगढ़ सिद्दांत तिवारी द्वारा लंबित मामलों के फरार आरोपियों पर मुखबीर लगाने के दिशा निर्देशों पर थाना प्रभारी घरघोड़ा निरीक्षक कुमार गौरव द्वारा आरोपित के गांव में मुखबीर लगाकर रखा गया था। कल थाना प्रभारी को सूचना मिली कि फरार आरोपी रूपधर राठिया अपने गांव चिमटापानी आया हुआ है। सूचना पर घरघोड़ा पुलिस टीम ने तत्काल घेराबंदी कर आरोपी को हिरासत में लिया और पूछताछ के लिए थाना लाया गया। पूछताछ में आरोपी ने घटना में शामिल होना स्वीकार किया। आरोपी ने बताया कि घटना के बाद वह कमाने-खाने के लिए बाहर चला गया था।आरोपी के मेमोरेंडम कथन के आधार पर पुलिस ने घटना में प्रयुक्त लोहे का टांगा बरामद कर जप्त किया। आरोपी रूपधर राठिया को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।



