तहतक न्यूज/सूरजपुर,छत्तीसगढ़। जिले के बहुचर्चित दोहरे हत्याकांड में फास्ट ट्रैक कोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाते हुए तीन मुख्य दोषियों को फांसी की सजा और चौथे दोषी को उम्रकैद सुनाई है। विशेष न्यायाधीश आनंद प्रकाश वारियाल की अदालत ने 8 अक्टूबर 2026 को यह ऐतिहासिक निर्णय दिया।
विदित हो कि यह खौफनाक घटना 13 अक्टूबर 2024 की रात को सूरजपुर में घटित हुई थी। आदतन अपराधी कुलदीप साहू की सूरजपुर थाने में पदस्थ हेड कॉन्स्टेबल तालिब शेख से पुरानी रंजिश थी। उस रात कुलदीप ने शहर में काफी उत्पात मचाया और पुलिसकर्मियों पर खौलता तेल डालने व गाड़ी चढ़ाने की कोशिश भी की थी। इसके बाद कुलदीप अपने साथियों के साथ हेड कॉन्स्टेबल तालिब शेख के किराए के घर में जबरन घुस गया। आरोपियों ने घर में मौजूद हेड कॉन्स्टेबल की पत्नी और उनकी 11 वर्षीय नाबालिग बेटी के साथ दुष्कर्म किया और फिर चाकू व कैंची से दर्जनों बार वार करके दोनों की बेरहमी से हत्या कर दी थी।
अदालत ने 29 सितंबर 2026 को ही इन चारों को हत्या, दुष्कर्म और पॉक्सो कानून की गंभीर धाराओं के तहत दोषी करार दे दिया था, जिसके बाद अब सजा का ऐलान किया गया है।
अदालत ने मुख्य आरोपी कुलदीप साहू (32वर्ष), चंद्रकांत उर्फ सी.के.चौधरी (28वर्ष) और रिंकू सिंह उर्फ फूल सिंह (28 वर्ष) को फांसी की सजा सुनाई है। वहीं, चौथे आरोपी आर्यन उर्फ गोल्डी विश्वकर्मा (20 वर्ष) को प्राकृतिक जीवन के अंत (मरते दम तक) तक के लिए उम्रकैद की सजा मिली है। दो अन्य आरोपियों को साक्ष्य के अभाव में कोर्ट ने पहले ही बरी कर दिया था।



